बंदा था इस्लाम का पर कभी ना ऐंठा करता था
जब भी इच्छा होती थीं, संतो के चरणो में बैठा करता था
बिखरी जुल्फों वाले हरदिल अज़ीज पूर्व राष्ट्रपति, भारत रत्न, मिसाइल मैन डॉ ए.पी.जे अब्दुल कलाम साहब को पुण्यतिथि पर नमन
#APJAbdulKalam ❤️
*हर उलझन के अंदर ही,*
*उस उलझन का हल मिलता है,*
*कोशिश करने से ही,*
*सुंदर कल मिलता है।*

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